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Tally में Interest Calculation कैसे करें? जानिए Step-by-Step पूरी प्रक्रिया
व्यापार में जब हम किसी कस्टमर (Customer) को उधार माल बेचते हैं, तो वह एक निश्चित तिथि (Due Date) के भीतर भुगतान करता है। लेकिन यदि वह समय पर बकाया राशि का भुगतान नहीं करता है, तो उस बकाया राशि पर C;kt (Interest) वसूल किया जाता है। ठीक इसी तरह, यदि हम किसी सप्लायर को देरी से भुगतान करते हैं, तो हमें ब्याज देना पड़ता है।
Tally में ब्याज की गणना (Interest Calculation) दो प्रकार से की जा सकती है:
- शेष बकाया राशि पर (On Outstanding Balance)
- प्राप्त अथवा भुगतान योग्य बिलों/इनवॉइस पर (On Bill-by-Bill / Transaction Basis)
आइए जानते हैं कि Tally में Interest Calculation को कैसे एक्टिवेट और इस्तेमाल किया जाता है।
Step 1: Tally में Interest Calculation Feature को Activate करना
Tally में ब्याज की गणना करने के लिए सबसे पहले आपको इस फीचर को इनेबल (Enable) करना होगा:
- Gateway of Tally पर जाएं और कीबोर्ड से F11 (Features) दबाएं।
- इसके बाद Accounting Features (या Tally Prime में Accounting Section) में जाएं।
- Activate Interest Calculation ऑप्शन के सामने Yes सेट करें।
- यदि आप एडवांस तरीके से ब्याज की गणना करना चाहते हैं, तो Set Use Advanced Parameters को भी Yes करें।
- स्क्रीन को Accept (Ctrl + A) करके सेव कर लें।
Step 2: Simple Mode में Interest Calculation (लेजर बनाना)
फीचर एक्टिवेट करने के बाद आपको उस पार्टी का लेजर (Ledger) बनाना होगा जिससे आप ब्याज वसूलना या देना चाहते हैं:
- Gateway of Tally > Accounts Info > Ledgers > Create पर जाएं।
- पार्टी का नाम डालें और Group में Sundry Debtors या Sundry Creditors चुनें।
- Activate Interest Calculation ऑप्शन को Yes करें। ऐसा करते ही Interest Parameters की विंडो खुलेगी।
- Rate: यहाँ ब्याज की दर (जैसे- 10%, 12%) टाइप करें।
- Per (Interest Style): यहाँ ब्याज गणना का आधार चुनने के लिए 4 विकल्प मिलते हैं:
- 30-Day Month: यदि आप हर महीने को 30 दिन मानकर ब्याज की गणना करना चाहते हैं।
- 365-Day Year: यदि आप साल के 365 दिनों के आधार पर ब्याज की गणना करना चाहते हैं।
- Calendar Month: यदि आप कैलेंडर के वास्तविक महीनों (जैसे जनवरी में 31 दिन, फरवरी में 28 दिन) के आधार पर गणना करना चाहते हैं।
- Calendar Year: यदि आप कैलेंडर वर्ष के अनुसार गणना करना चाहते हैं।
- अपनी आवश्यकतानुसार Interest Style चुनकर लेजर को सुरक्षित (Save) कर लें।
Step 3: Advanced Mode में Interest Calculation सेट करना
यदि आपने Advanced Parameters को Yes किया है, तो लेजर क्रिएशन के समय आपको कुछ अतिरिक्त विकल्प दिखाई देंगे:
- Calculate Interest Transaction-by-Transaction: यदि आप प्रत्येक इनवॉइस (Bill) के लिए अलग-अलग ब्याज की गणना करना चाहते हैं, तो इसे Yes करें।
- Override Parameters for each Transaction: यदि आप वाउचर एंट्री करते समय ब्याज की दर या शर्तों को बदलना चाहते हैं, तो इसे Yes करें।
- Applicability: यहाँ तय करें कि ब्याज कब से लागू होगा। हमेशा लागू करने के लिए Always चुनें, और देय तिथि के बाद लागू करने के लिए Past Due Date चुनें।
- Calculate From: यहाँ वह तारीख चुनी जाती है जहाँ से ब्याज की गिनती शुरू होगी (जैसे- Effective Date of Transaction या Due Date)।
- Rounding: यहाँ ब्याज की राशि को राउंड फिगर में बदलने के लिए Rounding Method (Normal, Upward, Downward) का चयन किया जाता है।
Step 4: बकाया बैलेंस पर ब्याज की रिपोर्ट देखना (Interest Report)
कैलकुलेट हुए ब्याज को देखने के लिए नीचे दिए गए स्टेप्स को फॉलो करें:
- Gateway of Tally > Display > Statements of Accounts > Interest Calculations पर जाएं।
- अब Ledger ऑप्शन को चुनें।
- आपके सामने उन सभी लेजर्स की लिस्ट आएगी जिनका Interest Calculation चालू है।
- वांछित लेजर का चयन करें। स्क्रीन पर आपको पूरी Ledger Interest Report दिखाई देगी कि किस इनवॉइस पर कितना ब्याज बना है।
Step 5: Tally में Interest की Book Entry और वाउचर क्लास बनाना
ब्याज की गणना के बाद, उसकी एंट्री अकाउंट्स बुक्स में करने के लिए Debit Note (प्राप्त होने वाले ब्याज के लिए) और Credit Note (दिए जाने वाले ब्याज के लिए) का उपयोग किया जाता है। इसके लिए हमें एक ‘Voucher Class’ बनानी होगी:
Debit/Credit Note Class तैयार करना:
- Gateway of Tally > Accounts Info > Voucher Types > Alter पर जाएं।
- लिस्ट में से Debit Note का चयन करें।
- राइट साइड में Name of Class कॉलम में आएं और एक नाम टाइप करें (जैसे- Simple Interest)।
- Enter दबाते ही एक नई विंडो खुलेगी। वहाँ Use Class for Interest Accounting को Yes करें।
- यदि आप चक्रवर्धि ब्याज (Compound Interest) लगाना चाहते हैं तो Amount to be Treated as Compound Interest को Yes करें, अन्यथा No रहने दें।
- विंडो को सेव कर लें।
Step 6: Debit Note का उपयोग करके Interest Voucher Entry करना
- Gateway of Tally > Accounting Vouchers पर जाएं।
- कीबोर्ड से Ctrl + F9 दबाकर Debit Note वाउचर खोलें।
- Class के सामने दिखाई दे रही लिस्ट में से अपने द्वारा बनाई गई क्लास Simple Interest को चुनें।
- Particulars में ‘By’ के सामने उस कस्टमर का लेजर चुनें जिससे ब्याज लेना है।
- लेजर चुनते ही Interest Details की विंडो खुलेगी, जहाँ उस पार्टी का कुल बकाया ब्याज दिखाई देगा।
- संबंधित इनवॉइस को सिलेक्ट करें और End of List पर क्लिक करके मुख्य स्क्रीन पर आएं। ब्याज की राशि अपने आप डेबिट कॉलम में आ जाएगी।
- ‘To’ के सामने अपने ब्याज की आय का लेजर यानी Interest Received A/c (Incomes Indirect) को चुनें।
- नरेशन लिखकर वाउचर को Accept (सेव) कर लें।
FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
Q1. Tally में Interest Calculation फीचर क्यों जरूरी है?
Ans: व्यावसायिक लेन-देन में देरी से होने वाले भुगतानों पर स्वचालित रूप से (Automatically) सटीक ब्याज की गणना करने और वित्तीय अनुशासन बनाए रखने के लिए यह फीचर बेहद जरूरी है।
Q2. Simple Interest और Compound Interest में क्या अंतर है?
Ans: Simple Interest में केवल मूलधन (Principal Amount) पर ब्याज लगता है, जबकि Compound Interest (चक्रवृद्धि ब्याज) में मूलधन के साथ-साथ पिछले अर्जित ब्याज पर भी ब्याज की गणना की जाती है।
Q3. Tally में ब्याज की एंट्री के लिए कौन सा वाउचर इस्तेमाल होता है?
Ans: यदि हमें किसी कस्टमर से ब्याज लेना है तो हम Debit Note का उपयोग करते हैं, और यदि किसी सप्लायर को ब्याज देना है तो Credit Note का उपयोग करते हैं।